4 भारतीय दिग्गज मैच विनर खिलाड़ी, जिनका अजीत अगरकर ने करियर किया बर्बाद
भारतीय क्रिकेट टीम के हेड कोच अजीत अगरकर के कार्यकाल में कईं दिग्गजों को टीम इंडिया से दूर कर दिया। जिसमें से कुछ ने संन्यास ले लिया और कुछ वापसी की आस में अभी भी बने हुए हैं।

Ajit Agarkar ended the careers of Team India legends: भारतीय क्रिकेट टीम के मुख्य चयनकर्ता अजीत अगरकर का कार्यकाल अब अपने अंतिम दौर में पहुंच चुका है और उनकी कुर्सी जाने की चर्चाओं के बीच उनके फैसलों का आकलन भी शुरू हो गया है। अगरकर के कार्यकाल में भारतीय क्रिकेट ने बड़े बदलाव देखे। युवा खिलाड़ियों को लगातार मौके मिले, लेकिन इसी बदलाव की कीमत कई अनुभवी क्रिकेटरों को चुकानी पड़ी।
कई ऐसे खिलाड़ी, जो कभी टीम इंडिया की मजबूत पहचान थे, सेलेक्टर्स की योजनाओं से बाहर होते चले गए और आखिरकार कुछ को इंटरनेशनल क्रिकेट से संन्यास लेने का फैसला करना पड़ा। तो वहीं कुछ अभी भी वापसी की आस में बैठे हैं, लेकिन उम्र बढ़ती जा रही है। ऐसे में अगरकर का कार्यकाल जितना नई प्रतिभाओं को आगे बढ़ाने के लिए याद किया जाएगा, उतना ही उन दिग्गज खिलाड़ियों के करियर के अचानक खत्म होने को लेकर भी चर्चा में रहेगा। तो इसी तरह आपको इस आर्टिकल में बताते हैं वो 4 दिग्गज खिलाड़ी, जिनका करियर अगरकर के फैसलों की भेंट चढ़कर बर्बाद हो गया।
#1. चेतेश्वर पुजारा
भारतीय टेस्ट क्रिकेट में जब भी मुश्किल परिस्थितियों में लंबी पारी खेलने की बात होती है तो चेतेश्वर पुजारा का नाम सबसे पहले लिया जाता है। राहुल द्रविड़ के बाद उन्हें भारत की नई 'दीवार' माना गया। खासकर विदेशी दौरों पर उन्होंने कई यादगार पारियां खेलीं और 2020-21 की ऑस्ट्रेलिया टेस्ट सीरीज में उनकी जुझारू बल्लेबाजी भारत की ऐतिहासिक जीत की सबसे बड़ी वजहों में से एक रही। लेकिन जून 2023 में ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ विश्व टेस्ट चैंपियनशिप फाइनल के बाद उन्हें टीम से बाहर कर दिया गया। इसके बाद उन्होंने घरेलू क्रिकेट और काउंटी क्रिकेट में लगातार रन बनाए, फिर भी चयनकर्ताओं ने उन्हें दोबारा मौका नहीं दिया। करीब दो साल तक वापसी का इंतजार करने के बाद आखिरकार पुजारा ने 2025 में इंटरनेशनल क्रिकेट से संन्यास लेने का फैसला कर लिया।
#2. अजिंक्य रहाणे
अजिंक्य रहाणे लंबे समय तक भारतीय टेस्ट टीम के सबसे भरोसेमंद बल्लेबाजों में रहे। इंग्लैंड, ऑस्ट्रेलिया, न्यूजीलैंड और दक्षिण अफ्रीका जैसी कठिन परिस्थितियों में उन्होंने कई मैच जिताऊ पारियां खेलीं। 2020-21 में ऑस्ट्रेलिया दौरे पर एडिलेड टेस्ट की हार के बाद कप्तान के रूप में टीम इंडिया को ऐतिहासिक सीरीज जीत दिलाना उनके करियर का सबसे यादगार अध्याय रहा। आईपीएल 2023 में शानदार प्रदर्शन के दम पर उनकी टेस्ट टीम में वापसी हुई और उन्होंने विश्व टेस्ट चैंपियनशिप फाइनल भी खेला। हालांकि इसके बाद उन्हें फिर बाहर कर दिया गया। घरेलू क्रिकेट में लगातार रन बनाने के बावजूद चयनकर्ताओं ने उन्हें दूसरा मौका नहीं दिया। लंबा इंतजार करने के बाद रहाणे ने भी इंटरनेशनल क्रिकेट को अलविदा कह दिया।
#3. मोहम्मद शमी
दाएं हाथ के दिग्गज तेज गेंदबाज मोहम्मद शमी को भारत के सबसे अनुभवी और सफल तेज गेंदबाजों में गिना जाता है। लंबे समय तक चोट से जूझने के बाद उन्होंने घरेलू क्रिकेट और आईपीएल में वापसी करते हुए अपनी फिटनेस भी साबित की। उम्मीद थी कि अनुभव को देखते हुए उन्हें भारतीय टीम में फिर से जगह मिलेगी, लेकिन चयनकर्ताओं ने लगातार युवा तेज गेंदबाजों पर भरोसा जताया। शमी पिछले एक साल से टीम इंडिया से बाहर चल रहे हैं। हालांकि उन्होंने अभी तक संन्यास का ऐलान नहीं किया है और नेशनल टीम में वापसी की उम्मीद बनाए हुए हैं, लेकिन मौजूदा सेलेक्शन पॉलिसी को देखते हुए उनकी वापसी की राह काफी मुश्किल नजर आ रही है।
यह भी पढ़े- 5 दिग्गज खिलाड़ी जिन्हें SA20 2027 के लिए नहीं किया गया रिटेन, फाफ और पोलार्ड की भी हुई छुट्टी
#4. भुवनेश्वर कुमार
एक समय नई गेंद से दुनिया के बड़े-बड़े बल्लेबाजों को परेशान करने वाले भुवनेश्वर कुमार लंबे समय से भारतीय टीम से बाहर हैं। अपनी शानदार स्विंग गेंदबाजी और डेथ ओवरों में सटीक लाइन-लेंथ के लिए मशहूर भुवनेश्वर ने भारत को कई यादगार जीत दिलाई हैं। आईपीएल में उन्होंने लगातार प्रभावशाली प्रदर्शन किया और अपनी उपयोगिता भी साबित की, लेकिन इसके बावजूद चयनकर्ताओं ने उन्हें दोबारा मौका नहीं दिया। कई पूर्व क्रिकेटरों और विशेषज्ञों ने अनुभव को देखते हुए उनकी वापसी की वकालत की, लेकिन भारतीय टीम मैनेजमेंट ने युवा तेज गेंदबाजों को प्राथमिकता दी। ऐसे में 2022 में आखिरी इंटरनेशनल मैच खेले भुवनेश्वर की टीम इंडिया में वापसी फिलहाल बेहद मुश्किल दिखाई दे रही है। जिनके पास अब संन्यास के अलावा कोई चारा नहीं बचा है।